यें है, दुनिया की 10 सबसे महेंगी परियोजनाए, लागत इतनी कि सुनकर उड़ जायेंगे होश….

आपने सुना होगा कि पैसा इंसान से सब कुछ भी करवा सकता है जो की एक हद तक सच भी है , क्योंकि इंसान को अपनी प्राथमिक जरुरतों को पूरा करने के लिए पैसे की आवश्यकता होती है. लेकिन यह भी सच है कि पैसे से इंसान कुछ भी कर सकता है. अर्थात् इंसान के जीवन में प्रोद्योगिकी का अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान है जिसके माध्यम से वह निरन्तर कई जटिल और खर्चीली परियोजनाओं को पूर्ण कर रहा है जिनके नित नये उदाहरण हम प्रतिदिन अखबारों में और समाचारों में पढ़ते और सुनते है. इन परियोजनाओं को पूरा करने के लिए एक विशेष तकनीक उपयोग में लायी जाती है जिसके लिए पैसे की आवश्यकता होती है आप जितना पैसा खर्च करते है आपको उसका उतना ही बेहतर परिणाम भी मिलता है. प्रोद्योगिकी के माध्यम से इन्सान से पहाड़ों को पुनर्निर्देशित कर उनमें से रास्ता बना दिया है, कृत्रिम द्वीपों का निर्माण किया, इसके अतिरिक्त ऐसे कई कार्य जो पहले असंभव समझे जाते थे  वो आज पूर्ण हो चुके है. आज हम इंसान द्वारा किये गए कुछ ऐसे ही निर्माण कार्यों  के बारे में बताएँगे जिनमें भारी मात्रा में पैसा खर्च हुआ है.यें है,World’s 10 most expensive projects !

यें है, दुनिया की 10 सबसे महेंगी परियोजनाए….

तो आईये जानते है इंसान द्वारा पूर्ण की जाने वाली सबसे महंगी परियोजनाओं के बारे में,

10. Channel tunnel, (22.4 billion USD)

Image Source : ichef-1.bbci.co.uk

चेनल टनल , इंग्लिश चेनल अर्थात ब्रिटेन और फ्रांस को जोड़ने वाली टनल है जो की कोक्वेल्स फ्रांस और फोकस्टोन केंट यूनाइटेड किंगडम को आपस में जोड़ती है इसकी लम्बाई 50.45 किलोमीटर है तथा यह 37.9 किलोमीटर समुद्र तल में पानी के नीचे से गुजरती है. यह रेल टनल के लिए सबसे बड़ा निर्माण कार्य है इसके निर्माण में ब्रिटेन की 5 कंस्ट्रक्शन कंपनियों और 2 बैंको और फ्रांस की 5 कंस्ट्रक्शन कंपनियों और 3 बैंको ने सहयोग किया. इस तरह की सुरंग की अवधारणा को वर्ष 1802 में फ्रेंच माइनिंग इंजीनियर अल्बर्ट मैथ्यू ने प्रस्तावित किया गया था. इसके बाद कई प्रस्ताव तैयार किए गए और अंत में सन 1988 में निर्माण शुरू हुआ, दैनिक आधार पर लगभग 15000 मजदूरों के साथ निर्माण शुरू हुआ तथा इसे सन 1994 में खोला गया इस प्रोजेक्ट की कुल लागत लगभग 22.4 अरब अमेरिकन डॉलर थी जो की अब तक की सबसे दसवीं  महेंगी परियोजना है इसका उपयोग प्रायः यात्री यातायात और माल ढ़ोने के लिए किया जाता है.इस टनल को  अमेरिकन सोसाइटी ऑफ़ सिविल इंजीनियर्स द्वारा “आधुनिक विश्व के सात आश्चर्य” में से एक माना जाता है.

यें है, दुनिया की 10 सबसे महेंगी परियोजनाए

9. Big Dig, (23.1 billion USD)

Image Source : unistresscorp.com

सयुंक्त राज्य अमेरिका के मेसाचुसेट्स राज्य के बोस्टन शहर में बहुत बड़े पैमाने पर राजमार्गो का पुनर्निर्माण किया गया जिसके तहत टेड विलियम्स सुरंग , I-93 सुरंग , लियोनार्ड पी I जैकिम ब्रिज आदि का भी निर्माण किया जाना था यह अमेरिका की सबसे महेंगी परियोजनाओं में से एक थी परन्तु यह परियोजना लीक, निर्माण में देरी , डिजाईन में खामियां, कम गुणवत्ता वाली सामग्री का उपयोग, ख़राब निर्माण, अनुसूची अधिशेष, हत्या, अपराधिक गिरफ़्तारी जैसी समस्याओं से ग्रस्त रही जिस कारण इसकी लागत में वृद्धि होती चली गयी. यह प्रोजेक्ट मूल रूप से 1998 में 2.8 अरब डॉलर में पूरा किया जाना था  लेकिन इसे 2007 में 14.6 अरब डॉलर की लागत से पूरा किया गया. इस परियोजना में ब्याज और मुआवजा जैसी शर्तों को शामिल करने के बाद इसकी लागत 23.1 अरब डॉलर है जिसका भुगतान सन 2038 तक नहीं किया जायेगा.

World’s 10 most expensive projects ..

8. Kansai International Airport, (29 billion USD)

Image Source : nkiac.co.jp

कांसाई एयरपोर्ट जापान में कोबे और ओसाका बे शहर के पास निकट एक कृत्रिम द्वीप पर स्थित है. कांसाई क्षेत्र टोक्यो के कारण अपना व्यापार खो रहा था ऐसे में वहां की अर्थव्यस्था सँभालने के लिए योजनाकारों ने कोबे या ओसाका शहर में एयरपोर्ट निर्माण करने का सुझाव दिया परन्तु ओसाका एयरपोर्ट शहर की कॉलोनियों के अत्यंत निकट था जिससे वहां और अधिक निर्माण नहीं किया जा सकता था तथा कोबे शहर ने इस परियोजना से इंकार कर दिया. तब ईटालियन डिजाईनर रेंजो पियानो ने पानी पर कृत्रिम द्वीप आधारित एयरपोर्ट का डिज़ाइन पेश किया जिसके अनुसार एक 4 किलोमीटर लंबे और 2.5 किलोमीटर चौड़े द्वीप पर समुद्र तल से 18 मीटर ऊपर एयरपोर्ट का निर्माण किया जाना था. इसके लिए कृत्रिम द्वीप का निर्माण करने में तथा तूफानों और सुनामी जैसे जोखिमों से निपटने के लिए इंजिनियरों ने नरम हेलोसिन मिट्टी से पानी निकालने के लिए लगभग 10 लाख रेत नालियों का निर्माण किया. सन 1987  में निर्माण कार्य शुरू हुआ  तथा 4 सितम्बर 1994 को एअरपोर्ट ने अपना संचालन शुरू कर दिया. इस परियोजना में द्वीप निर्माण और एयरपोर्ट बनाने में लगभग 29 अरब डॉलर की लागत आई.

यें है, दुनिया की 10 सबसे महेंगी परियोजनाए

7. California High-Speed Rail System, (33 billion USD)

Image Source : railway-technology.com

यह यू.एस.ए. सरकार की पहली विद्युतीय बुलेट ट्रेन परियोजना है. जो कि अमेरिका के कैलिफ़ोर्निया राज्य के प्रमुख महानगरों को लगभग 1300 किलोमीटर लम्बे, उच्चगति के रेल नेटवर्क से जोड़ने के लिए कैलिफोर्निया हाई-स्पीड रेल अथॉरिटी (सी.एस.एस.ए.) द्वारा प्रस्तावित है. इस परियोजना के दो चरण होंगे पहले चरण के तहत लगभग 840 किलोमीटर तक रेल लाइन बिछाई जायेगी जो की सन 2029 तक पूरा होने की उम्मीद है तथा दुसरे चरण के लिए समय का निर्धारण नहीं किया गया है. इस परियोजना को सन 2015 में शुरू किया गया था. एक रिपोर्ट के मुताबिक परियोजना समय पर चल रही है तथा संस्था इसे 2029 तक पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध है. इस परियोजना के प्रथम चरण में लगभग 33 अरब डॉलर की लागत आने का अनुमान है और दूसरे चरण को मिलाकर इसमें कुल 98.5 अरब डॉलर खर्च होंगे.

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World’s 10 most expensive projects 

6. Songdo International Business District, (40 billion USD)

Image Source : jacknicklausgolfclubkorea.com

सोंगदो इंटरनेशनल बिज़नेस डिस्ट्रिक्ट दक्षिण कोरिया का एक महत्वपूर्ण स्मार्टसिटी प्रोजेक्ट है जो कि दक्षिण कोरिया की राजधानी सियोल से 65 किलोमीटर दूर इन्चेन शहर के पास लगभग 600 हेक्टेयर क्षेत्र में बनाया जा रहा है. इस 10 वर्षीय परियोजना के तहत लगभग 22 लाख वर्गफीट में 106 इमारतों का निर्माण किया जायेगा इसके अतिरिक्त इसमें कई उच्चस्तरीय स्कूल, अपार्टमेंट्स, अस्पतालों का निर्माण भी किया जाना है. इस शहर में 4 विश्वस्तरीय विश्वविद्यालयों का भी निर्माण किया जायेगा.यह शहर पूरी तरह पर्यावरण के अनुकूल होगा तथा यहाँ कई विश्वव्यापी कंपनियों के कार्यालय होंगे. सोंगडो दुनिया में सबसे बड़ा निजी रियल स्टेट प्रोजेक्ट है. इसके निर्माण कुल लागत 40 अरब डॉलर से होगी. इस प्रोजेक्ट में तीन कंपनियों गेल इंटरनेशनल(61%), पॉस्को(30%), मॉर्गन स्टेनली(9%) की हिस्सेदारी है तथा इसे kohn Pedersen Fox (KPF) नाम की कंपनी के न्यू-यॉर्क कार्यालय द्वारा डिजाईन किया गया था.

यें है, दुनिया की 10 सबसे महेंगी परियोजनाए

5. Dubailand, (76 billion USD)

Image Source : dubaigoldprices.com

दुबईलैंड इतिहास का सबसे महेंगा मनोरंजन परिसर होगा, जिसे यूनाइटेड अरब अमीरात के दुबई शहर में बनाया जा रहा है. यह दुनिया का सबसे बड़ा थीम पार्कों का संग्रह होगा जिसमें 278 वर्ग किलोमीटर में 45 मेगा परियोजनाए और 200 उपपरियोजनाए शामिल की गयी है. इसे बनाने का मुख्य उद्देश्य, पर्यटन के क्षेत्र में दुबई शहर को अन्य शहरों से प्रतिस्पर्धा करने के लिए प्रमुख आकर्षण की जरुरत है. इसमें कई तरह के वर्चुअल पार्क, इको-टूर्रिस्म पार्क, थियेटर, स्पोर्ट कॉम्प्लेक्स का निर्माण किया जायेगा. यह अपने अंतिम आकार में वाल्ट डिज्नी वर्ल्ड रिसॉर्ट के आकार से लगभग दोगुना होगा. इसे बनाने की शुरुआत सन 2003 में हुई थी परंतु वैश्विक मंदी और दुबई के वित्तीय संकट ने इस परियोजना को गंभीर रूप से प्रभावित किया और इसका निर्माण सन 2008 में रोक दिया गया तथा 2013 के मध्य में इसे फिर से शुरू किया गया अनुमान है कि सन 2020 से पहले दुबईलैंड परियोजना पूर्ण हो जाएगी और इसमें लगभग 76 अरब डॉलर खर्च होंगे.

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यें है, दुनिया की 10 सबसे महेंगी परियोजनाए

4. King Abdullah Economic City, (86 billion USD)

Image Source : i.dailymail.co.uk

यह सऊदी अरब के राजा अब्दुल्ल्हा बिन अब्दुल अज़ीज़ अल साउद द्वारा प्रस्तावित एक आर्थिक शहर परियोजना है जिसे लाल सागर तट पर लगभग 173 वर्गकिलोमीटर के क्षेत्र में बनाया जा रहा है. इस शहर में कुछ उच्च श्रेणी के होटल्स, लग्जरी अपार्टमेंट्स, कार्यालयों, वित्तीय परिसरों, प्रतिष्ठित विश्वविद्यालयों, एक एअरपोर्ट और एक बंदरगाह का निर्माण किया जाएगा. यह सऊदी अरब के चार नए शहरों में से एक है. इसे शहर के निर्माण में दुबई स्थित दुनिया की सबसे बड़ी रियल स्टेट कंपनियों में से एक SAGIA अर्थात सऊदी अरब जनरल इन्वेस्टमेंट अथॉरिटी प्रमुख फैसिलिटेटर है.इसके अतिरिक्त यह शहर 10 लाख नौकरियों का निर्माण करने में मदद करेगा. सन 2020 तक इसे पूरा निर्मित कर लिया जायेगा तथा इसकी कुल लागत 86 अरब डॉलर होगी.

यें है, दुनिया की 10 सबसे महेंगी परियोजनाए

3. Kashagan Field, (116 billion USD)

Image Source : prod-upp-image-read.ft.com

कशागन फील्ड, कजाखस्तान स्थित कैस्पियन सागर झील में पिछले 40 वर्षों में सबसे बड़े तेल भण्डार की खोज है. इसे सन 2000 में खोजा गया था. एक अनुमान के मुताबिक यहाँ लगभग 13 अरब बैरल (2.1 × 10 9 क्यूबिक मीटर ) पेट्रोलियम हो सकता है तथा प्रतिदिन 90000 बैरल तेल का  उत्पादन किया जायेगा. इस परियोजना में कजाखस्तान की 5 कंपनियों एनी (16.81%), रॉयल डच शेल (16.81%), टोटल एसए (16.81%), एक्सॉनमोबिल (16.81%), काजमुनायागस (16.81%), और चीन की 2 कंपनियों चीन राष्ट्रीय पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन (8.4% ), इनपेक्स (7.56%) की संयुक्त हिस्सेदारी है. इस परियोजना में पाईप लीक, उच्च दबाब जैसी समस्याएं भी आ रही है जिससे इसके मरम्मत खर्च को मिलाकर यह दुनिया की सबसे महेंगी उर्जा परियोजना है जिसकी अनुमानित लागत लगभग 116 अरब डॉलर है.

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यें है, दुनिया की 10 सबसे महेंगी परियोजनाए

2. The International Space Station, (150 billion USD)

Image Source : i.huffpost.com

इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन के नाम से जाने जाना वाला मॉड्यूलर ऑर्बिटिंग रिसर्च स्टेशन मानव जाती द्वारा निर्मित अब तक की दूसरी सबसे महेंगी परियोजना है जिसके तहत अन्तरिक्ष यात्रियों के लिए अन्तरिक्ष में वैज्ञानिक अनुसन्धान और अन्वेषण के लिए 239 फीट लम्बे, 356 फीट चौड़े और 66 फीट ऊंचे  स्थल का निर्माण किया जाना था. यह अब तक की सबसे जटिल परियोजनओं में से है तथा इसे बनाने में धन के साथ-साथ उन्नत तकनीक, उन्नत उपकरणों, समय और ऊर्जा की आवश्यकता थी. सन 1998 में इसका पहला भाग अन्तरिक्ष में भेजा गया और तब से इसे लगातार अपग्रेड किया जा रहा है. संयुक्त राज्य अमेरिका और रूस सहित 15 देशों ने इसके निर्माण में सहयोग किया तथा इस पूरे प्रोजेक्ट में लगभग 150 अरब डॉलर की लागत आई.

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यें है, दुनिया की 10 सबसे महेंगी परियोजनाए

1. Dwight D. Eisenhower National System of Interstate and Defense Highways, (459 billion USD)

Image Source : Fadoopost.com

इसे अन्तर्राज्यीय राजमार्ग प्रणाली के नाम से भी जाना जाता है. यह आधुनिक मानव सभ्यता की अब तक की सबसे बड़ी और सबसे महेंगी परियोजना है. जिसके अंतर्गत अमेरिका के सभी राज्यों को लगभग 77017 किलोमीटर लम्बी उन्नत सड़कों द्वारा जोड़ा जाना था. इस प्रोजेक्ट में सड़कों के साथ-साथ कई पुल और सुरंगों का भी निर्माण किया गया जिसके फलस्वरूप इसकी लागत भी बढ़ती गयी, हलांकि कुछ स्थानीय विरोध के कारण कई मार्गों का निर्माण नहीं किया गया. सन 1956 में इस परियोजना पर काम शुरू हुआ और इसे पूरा करने में लगभग 35 साल का समय लगा. सन 1992 में कोलोराडो राज्य के ग्लेनवुड कैनियन जाने वाले I-70 मार्ग के खुलने के बाद इस परियोजना के पूर्ण होने की पुष्टि कर दी गई. इसके पूर्ण होने में लगभग 459 बिलियन डॉलर खर्च हुए.

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World’s 10 most expensive projects !

चूँकि मनुष्य विकासशील प्राणी है और लगातार प्रकृति को अपने अनुसार समायोजित कर रहा है. तथा निरंतर विकास के पथ पर अग्रसर है. अतः परियोजनाए जीवन को सहज बनती है. हालाँकि उपर्युक्त परियोजनाए बहुत बड़ी है और कई सालों के अथक प्रयास और अधिव्ययता का परिणाम है. परियोजनाए देश में पर्यटन और अर्थव्यवस्था को बढ़ाने में मदद तो करती ही  है साथ ही कई रोजगार भी उपलब्ध करवाती है.

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